मुख्य पृष्ट arrow आरती संग्रह arrow श्री सरस्वतीमाता की आरती
दिनमान लघु पंचांग
मुख्य पृष्टपंचांगचौघडियाँमुहूतॅआरती संग्रहव्रत त्योहारभजन संग्रहराशिफलखोजेंअन्य जानकारीहमें सम्पर्क करें
Wednesday, August 23 2017
मुख्य मैन्यु
मुख्य पृष्ट
पंचांग
चौघडियाँ
मुहूतॅ
आरती संग्रह
व्रत त्योहार
भजन संग्रह
राशिफल
खोजें
अन्य जानकारी
हमें सम्पर्क करें
श्री सरस्वतीमाता की आरती पी.डी.एफ़ छापें ई-मेल

Image

कज्जल पुरित लोचन भारे, स्तन युग शोभित मुक्त हारे |

वीणा पुस्तक रंजित हस्ते, भगवती भारती देवी नमस्ते॥

जय सरस्वती माता जय जय हे सरस्वती माता |

सदगुण वैभव शालिनी त्रिभुवन विख्याता॥ जय.....

चंद्रवदनि पदमासिनी घुति मंगलकारी |

सोहें शुभ हंस सवारी अतुल तेजधारी ॥ जय.....

बायेँ कर में वीणा दायें कर में माला |

शीश मुकुट मणी सोहें गल मोतियन माला ॥ जय.....

देवी शरण जो आयें उनका उद्धार किया |

 पैठी मंथरा दासी  रावण संहार किया ॥ जय.....

विद्या  ज्ञान  प्रदायिनी  ज्ञान प्रकाश भरो |

मोह और अज्ञान तिमिर का जग से नाश करो ॥ जय.....

धुप दिप फल मेवा माँ स्वीकार करो |

ज्ञानचक्षु दे माता  भव से उद्धार करो ॥ जय.....

माँ सरस्वती जी की आरती जो कोई नर गावें |

हितकारी सुखकारी ग्यान भक्ती पावें ॥ जय.....

जय सरस्वती माता जय जय हे सरस्वती माता |

सदगुण वैभव शालिनी त्रिभुवन विख्याता॥ जय.....

 

 
< पिछला   अगला >
सुविचार

धीरे धीरे रे मना, धीरे सब कुछ होये | माली सींचे सौ घडा, ॠतु आये फल होये ||

 
© 2017 दिनमान लघु पंचांग